कठोर सत्य # जिंदगी की किताब (पन्ना # 389)

कठोर सत्य …… जब कोई इंसान इस दुनिया से विदा हो जाता है तो जल्दी से जल्दी उसके अंतिम संस्कार के लिये सोचा जाता है । कोई भी उसके मृत शरीर को घर पर नही रखना चाहता । उसके बाद उसके कपड़े, बिस्तर, इस्तेमाल किये गये सभी सामान को तुरन्त घर से बाहर कर दिया…

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अच्छे संदेश सबको दो,लेकिन ज्ञान की बात उन्हे सुनाओ जो सुनने का आनंद लेते है क्योकि अमूल्य हीरा पहचानना हर किसी के बस मे नही होता है आपकी आभारी विमला विल्सन जय सच्चिदानंद 🙏🙏

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कभी भी इस बात की गिनती ना करना कि कितने शास्त्र पढ़े , कितने तीर्थ गये , कितने मंदिर गये बल्कि ये सोचना कि तीर्थों की यात्रा मे कितने गहरे उतरे , अपने भीतर बैठे परमात्मा को कितना पहचाना । जीवन मे कितनी प्रसन्नता आई । आपकी आभारी विमला विल्सन जय सच्चिदानंद 🙏🙏

पर्यषण पर्व # जिंदगी की किताब (पन्ना # 385)

कर्म खपाने का श्रेष्ठ पड़ाव पर्व पर्युषण 🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏 उपवास में कमीं रह भी जाए तो.. उपहास से अवश्य बचना, दर्शन में कमीं रह भी जाए तो… प्रदर्शन से अवश्य बचना, वन्दन में कमीं रह भी जाए तो.. बंधन से अवश्य बचना, प्रवचन श्रवण में कमीं रह भी जाए तो… दुर्वचन से अवश्य बचना, केश लोचन…

Quote # 275

दर्पण कभी झूठ नही बोलता प्रेम कभी ईर्ष्या नही करने देता आध्यात्मिक ज्ञान आकुल नही होने देता सत्य कभी कमजोर नही होने देता विश्वास दुखी नही होने देता कर्म कभी असफल नही होने देता आपकी आभारी विमला विल्सन जय सच्चिदानंद 🙏🙏

Quote # 237

क़ुदरत का नियम है कि किसी के द्वारा मिले मान पर उससे जितना राग होगा ,उतना ही उसके द्वारा मिले अपमान पर उससे द्वेष हो जायेगा इसीलिये … किसी के दिये गये मान के लड्डू को सोच समझकर खाना क्योकि यह खाने मे जितना मीठा लगेगा उतना ही उसके द्वारा दिया गया अपमान काघूँट कडवा…

Quotes # 205,206,207,208,209,210,211,212,213,214

किसीभीलड़कीकोवहचाहेविवाहितहोयाअविवाहितछेड़नापापहै …. आजकलआधुनिकजमानेमेबिंदीवसिंदूरलगानेकीपरंपरागुलहोतीजारहीहैजोविवाहितहोनेकोभीदर्शातीहै …..इसपोस्टकाआशयइसपरंपराकोजीवितरखनाहै आपकी आभारी विमला विल्सन जय सच्चिदानंद 🙏🙏 all picture taken from google

Quotes # 166,167

रात को सोते समय ये प्रार्थना ज़रूर करे हे भगवन जिन्दगी भर मैंने अपने लिये मॉगा है आज मै परमार्थ के लिये तुझसे मॉगता हूँ ,चाहे मेरी प्रार्थना तुझ तक पहुँचे या ना पहुँचे 1. बचपन मे किसी भी बच्चे की मॉ ना छिन जाये 2. युवा उम्र मे किसी भी स्री का अपने पति…

Quote # 141

इंसान को कही ना कही कर्मों का डर सताता है , नही तो गंगा मे डुबकी क्यो डुबकी लगाता है ? जो कर्म को समझता है उसे धर्म को समझने की जरूरत नही पड़ती । पाप शरीर नही करता , विचार करते है । गंगा विचारों को नही सिर्फ शरीर को धोती है । आपकी…

Quote # 118,119,120

आईना आईना का क्या काम है ? आईना हमे क्या दिखाता है ? ऑंखो से हम सब चीज देख सकते है पर बिना आईना के हम अपनी ऑंखें भी नही देख सकते । ज्ञान भी एक आईना है , ऐसा आईना जो हमे अपने भीतर तक ले जाता है , बाहर की और नही ।…

ईश्वर से याचना क्यों,क्या भरोसा नही ?# जिंदगी की किताब (पन्ना # 328)

ईश्वर से याचना क्यों , क्या भरोसा नही ? कहने को तो हम ईश्वर को याद करने के लिये मंदिर मे जाते है ,जप , तप , पूजा पाठ आदि क्रियाये करते है जो कही से गलत भी नही है लेकिन उस समय हमारा ध्यान रहता है कि हे प्रभु मुझे अच्छे अंकों से परीक्षा…