स्री # Quote #

रखती है मायके का मान,

ससुराल का सम्मान.

पति के अरमान,

बच्चों का ध्यान.

रहती खुद से अनजान,

ये है एक स्त्री की पहचान.


स्त्री पुरुष के पीछे हो तो

कमजोर नही सम्मान करती है

स्त्री पुरुष के आगे हो तो

अंहकारी नही ढाल बनती है

स्त्री पुरुष के बराबर हो तो

जिन्दगी बहार बन जाती है

इंसानियत का सबसे ऊंचा स्तर यह है

कि पुरुष के कारण

किसी स्त्री की आंख मे आसू न आये


स्त्री यदि बहन है तो प्यार का दर्पण है

स्त्री यदि पत्नी है तो खुद का समर्पण है

स्त्री अगर भाभी है तो भावना का भंडार है

मामी, मौसी, बुआ है तो स्नेह का सत्कार है

स्त्री यदि काकी है तो कर्तव्य की साधना है

और स्त्री यदि “माँ” है तो साक्षात “परमात्मा” है


आपकी आभारी विमला विल्सन मेहता

जय सच्चिदानंद 🙏🙏

picture taken from google

Advertisements