हेल्थ से जुड़े छोटे छोटे घरेलू टिप्स # जिंदगी की किताब (पन्ना # 400)

छोटे छोटे काम के घरेलू टिप्स …..

🍁 एक कप पानी मे आधा चम्मच त्रिफला डाल कर रात भर रखें, सुबह कपड़े से छान कर इस जल से आंखें धोएं, चश्मा उतर जाएगा। छानने के बाद जो पाउडर बचे उसे फिर एक गिलास पानी में डाल कर रख दें। रात को पी जाएं। पेट साफ होगा, रोग कोसो दूर रहेंगे ।

🍁 खाने मे ज्यादा से ज्यादा मीठा नीम (कढ़ी पत्ता ) use करने से स्वास्थ्य ठीक रहेगा ।

🍁 केवल सेंधा नमक (Rock salt) का प्रयोग करने से thyroid,blood pressure और पेट ठीक रहेगा ।

🍁 रस निकले नीबू के चौथाई टुकड़े में जरा सी हल्दी, नमक, फिटकरी रख कर दांत मलने से दांतों का कोई भी रोग नहीं रहेगा ।

🍁 गाय के देसी घी का प्रयोग बढ़ाये। अनेक रोग दूर होंगे, वजन नहीं बढ़ेगा ।

🍁 मेथी , करेला यानि कड़वी सब्जियां भी खाये ,रक्त शुद्ध रहेगा।

🍁 अदरक, अजवायन का प्रयोग बढ़ाये ,गैस और शरीर के दर्द कम होंगे।

🍁 सर्दियों में नाखून के बराबर जावित्री ( mace) चूसने से सर्दी के असर से बचाव होगा

🍁 सर्दी में बाहर जाते समय 2 चुटकी अजवायन मुँह में रखकर निकलये , सर्दी से नुकसान नहीं होगा।

🍁 चौथाई चम्मच दालचीनी का कुल उपयोग दिन भर में किसी भी रूप में करने पर निरोगता अवश्य होगी।

🍁 सुबह के खाने के साथ घर का जमाया ताजा दही जरूर शामिल करें, प्रोबायोटिक (Probiotic) का काम करेगा।

🍁 आधा चम्मच कच्चे जीरे को रात भर भिगो कर रखे व सुबह खाली पेट जीरा चबा कर वही पानी पिये ,एसिडिटी खत्म होने लगेगी ।

🍁 कभी कभी नमक – हल्दी में दो बूँद सरसों का तेल डाल कर दांतों को उंगली से साफ करें, दांतों का कोई रोग टिक नहीं पायेगा ।

🍁 छौंक में राई के साथ कलौंजी का भी प्रयोग करें, जिसके इतने फायदे है कि लिख नही सकते

🍁 खाने की ठंडी चीजें कम से कम खाये जो पेट और दांत को खराब करती हैं।

🍁 तली चीजें छोड़ें जिससे वजन, पेट, एसिडिटी ठीक रहेंगी।

🍁 मैदा, बेसन, छोले, राजमां और उड़द कम खाएँ, गैस की समस्या से बचेंगे।

🍁 चीनी कम से कम प्रयोग करें, ज्यादा उम्र में हड्डियां ठीक रहेंगी। चीनी की जगह गुड़ या देशी शक्कर लें।

🍁 नाश्ते में अंकुरित अनाज शामिल करें। पोषक विटामिन और फाइबर मिलेंगें।

🍁 बुखार में एक लीटर पानी उबाल कर 250 ml कर लें, साधारण ताप पर आ जाने पर रोगी को थोड़ा थोड़ा दें, दवा का काम करेगा

🍁 बिना कलौंजी वाला अचार खाना हानिकारक होता है।

🍁 कोई भी रिफाइंड तेल ना खाकर केवल तिल, मूंगफली, सरसों और नारियल तेल का प्रयोग करें। रिफाइंड में बहुत chemicals होते हैं जो शरीर में कई तरह की बीमारियाँ पैदा करते हैं ।

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🍁 ज्यादा से ज्यादा चीजें लोहे की कढ़ाई में ही बनाये ,आयरन की कमी नहीं होगी।

🍁 Aluminum कुकर में मिले हुए लेड से होने वाले नुकसान से बचने के लिये केवल स्टील का कुकर ही इस्तेमाल करें ।

🍁 Plastics और Aluminum रसोई से हटाएं, दोनों कैंसर कारक हैं।

🍁 काम करते समय स्वयं को अच्छा लगने वाला संगीत चलाएं व सुने । खाने में भी अच्छा प्रभाव आएगा और थकान कम होगी।


आपकी आभारी विमला विल्सन मेहता

जय सच्चिदानंद 🙏🙏