परमात्मा # Quote #

क्षमा भाव निज मन मे रखकर, जो जीवनपथ पर चलता है, उसके शुभकर्मों का सूरज, कभी नहीं जग मे ढ़लता है जो अंधकार मे भटके हुओं को, देता निज हिस्से से उजाला चाहे कहीं भी रहे ,उसको मिल जाती है भगवन तुम्हारी छत्र छाया आपकी आभारी विमला विल्सन मेहता जय सच्चिदानंद 🙏🙏 Advertisements