इंसान # जागृति # लफ्ज # Quotes

1. आसान नही है ,इंसान के घर जन्म पाना ! उससे भी कठिन है ,इंसान कहलाना ! 2. नीच से नीच इंसान भी उठ सकता है , उठाने वाला चाहिये ! दुनिया झुक सकती है , झुकाने वाला चाहिये ! 3. वही इंसान है जो इंसान के लिये मरे ! वही पशु वृत्ति है जो…

Good message # Quote

One has become entrenched in kusang (association that takes one away from the Self; bad company). That is why the disease of worldly life has become chronic. And what if one were to become entrenched in satsang? कुसंग का अध्यास हो गया है। इसलिए संसार-रोग ‘क्रॉनिक’ हो गया है! यदि सत्संग का अध्यास हो जाए…